452 मदरसों में अब लागू होगी उत्तराखंड बोर्ड की पाठ्यचर्या

देहरादून/उत्तराखंड: राज्य सरकार ने बड़ा निर्णय लेते हुए प्रदेश के 452 मदरसों को मुख्यधारा की शिक्षा प्रणाली से जोड़ने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके तहत अब इन मदरसों में उत्तराखंड बोर्ड (Uttarakhand Board of School Education) का पाठ्यक्रम लागू किया जाएगा। इस फैसले का सीधा लाभ हजारों छात्रों को मिलेगा, जो अब धार्मिक शिक्षा के साथ-साथ आधुनिक विषयों की भी पढ़ाई कर सकेंगे।
शिक्षा विभाग के अनुसार, लंबे समय से यह मांग उठ रही थी कि मदरसों में बच्चों को मुख्यधारा की शिक्षा उपलब्ध कराई जाए ताकि भविष्य में उन्हें प्रतिस्पर्धात्मक परीक्षाओं और रोजगार के अवसरों में किसी तरह की कमी न रहे। अब सरकार ने इस दिशा में ठोस कदम उठाते हुए मदरसों को मुख्यधारा की स्कूली शिक्षा से जोड़ने का निर्णय ले लिया है।
मदरसों में गणित, विज्ञान, अंग्रेजी, सामाजिक विज्ञान जैसे विषयों के साथ-साथ स्किल डेवलपमेंट आधारित सामग्री भी जोड़ी जाएगी। शिक्षकों को नए पाठ्यक्रम और पद्धति के अनुसार ट्रेनिंग देने की भी तैयारी की जा रही है।
प्रदेश सरकार का कहना है कि यह कदम समावेशी शिक्षा मॉडल को मजबूत करेगा और सभी बच्चों को समान अवसर प्रदान करेगा।
दूसरी ओर, मदरसा प्रबंधन समितियों को निर्देशित किया गया है कि वे बोर्ड के मानकों के अनुसार स्कूलों की संरचना, रिकॉर्ड और शिक्षण व्यवस्था तैयार करें।
सरकार का दावा है कि यह निर्णय राज्य में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने की दिशा में एक ऐतिहासिक सुधार साबित होगा और इससे हजारों बच्चों का भविष्य उज्जवल होगा।

