पूर्वी और मध्य यूपी में भीषण गर्मी का कहर जारी, वहीं पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बारिश और तेज हवाओं से मिल सकती है राहत

उत्तर प्रदेश में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने जा रहा है। प्रदेश के अधिकांश हिस्से इन दिनों भीषण गर्मी और लू की चपेट में हैं। मौसम विभाग ने राज्य के 31 जिलों में लू (Heatwave) का अलर्ट जारी किया है, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में अगले 24 से 48 घंटों के दौरान बारिश और तेज हवाओं के आसार जताए हैं। ऐसे में लोगों को जल्द ही गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है।
लखनऊ, कानपुर, प्रयागराज, वाराणसी, गोरखपुर, अयोध्या, झांसी और आसपास के क्षेत्रों में तापमान लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास या उससे ऊपर बना हुआ है। दिन के समय तेज धूप और गर्म हवाओं ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। दोपहर के समय सड़कों पर लोगों की आवाजाही कम हो गई है और अस्पतालों में हीट स्ट्रोक व डिहाइड्रेशन के मरीजों की संख्या बढ़ रही है।
वहीं दूसरी ओर मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, बागपत, शामली और आसपास के पश्चिमी जिलों में मौसम का रुख बदलने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के प्रभाव से इन क्षेत्रों में गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।
मौसम विभाग का कहना है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा है और अगले कुछ दिनों में उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में इसकी औपचारिक एंट्री हो सकती है। मानसून के सक्रिय होने के बाद प्रदेश के अधिकांश जिलों में तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है। इससे किसानों को भी राहत मिलेगी, क्योंकि धान और अन्य खरीफ फसलों की बुवाई का समय नजदीक है।

हालांकि मौसम विशेषज्ञों ने लोगों को अभी सतर्क रहने की सलाह दी है। विशेष रूप से बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक घर से बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और धूप से बचाव करने की सलाह दी गई है।
प्रदेशवासियों को अब मानसून की पहली बारिश का इंतजार है, जो भीषण गर्मी से राहत देने के साथ-साथ कृषि गतिविधियों को भी नई गति प्रदान करेगी।






