मैन्युफैक्चरिंग और रोजगार को बढ़ावा देने की तैयारी, राज्यों को औद्योगिक इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए केंद्र का बड़ा प्रस्ताव

देश में औद्योगिक विकास और रोजगार सृजन को रफ्तार देने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने 33,660 करोड़ रुपये की लागत से औद्योगिक पार्क विकसित करने की योजना के तहत राज्यों से आवेदन मांगे हैं। इस पहल का मकसद देशभर में मजबूत औद्योगिक इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करना, निवेश आकर्षित करना और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को नई गति देना है।
इस योजना के तहत राज्यों को ऐसे प्रस्ताव भेजने होंगे, जहां औद्योगिक पार्क स्थापित करने के लिए जमीन, कनेक्टिविटी और बुनियादी सुविधाओं की बेहतर संभावनाएं हों। माना जा रहा है कि यह पहल ‘मेक इन इंडिया’ और आत्मनिर्भर भारत जैसे अभियानों को और मजबूती दे सकती है।

विशेषज्ञों के मुताबिक, नए औद्योगिक पार्क बनने से बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे, सप्लाई चेन मजबूत होगी और घरेलू व विदेशी निवेशकों को आकर्षित करने में मदद मिलेगी। छोटे और मध्यम उद्योगों को भी इसका फायदा मिल सकता है।
सरकार का फोकस ऐसे औद्योगिक क्लस्टर विकसित करने पर है, जहां उत्पादन, लॉजिस्टिक्स और एक्सपोर्ट को एकीकृत तरीके से बढ़ावा दिया जा सके। राज्यों के बीच इस योजना के लिए प्रतिस्पर्धा भी देखने को मिल सकती है, क्योंकि इससे क्षेत्रीय आर्थिक विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।






