वैश्विक अनिश्चितता और भू-राजनीतिक तनाव का असर शेयर बाजार पर, निवेशकों के लाखों करोड़ रुपये डूबे

वैश्विक तनाव और अनिश्चित आर्थिक माहौल का असर भारतीय शेयर बाजार पर साफ नजर आया। सप्ताह के कारोबारी सत्र में बाजार में भारी गिरावट दर्ज की गई, जहां सेंसेक्स 1,342 अंक लुढ़क गया, जबकि निफ्टी भी 23,900 के स्तर से नीचे फिसल गया।
बाजार में यह गिरावट मुख्य रूप से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव, विदेशी निवेशकों की बिकवाली और वैश्विक बाजारों में कमजोरी के कारण देखी गई। निवेशकों के बीच अनिश्चितता बढ़ने से बड़ी कंपनियों के शेयरों में भी भारी दबाव देखने को मिला।
कारोबार के दौरान बैंकिंग, आईटी, ऑटो और मेटल सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। कई दिग्गज कंपनियों के शेयरों में तेज बिकवाली हुई, जिससे बाजार का सेंटीमेंट कमजोर हो गया।
विशेषज्ञों का मानना है कि मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और वैश्विक आर्थिक हालात को लेकर निवेशकों में सतर्कता बनी हुई है। इसी कारण विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) बाजार से लगातार पैसा निकाल रहे हैं, जिसका असर भारतीय शेयर बाजार पर पड़ रहा है।
हालांकि कुछ विश्लेषकों का कहना है कि बाजार में यह गिरावट अस्थायी हो सकती है और अगर वैश्विक हालात स्थिर होते हैं तो बाजार में फिर से रिकवरी देखने को मिल सकती है। निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहकर निवेश करने की सलाह दी जा रही है।





