रूमेटॉइड आर्थराइटिस सिर्फ जोड़ों तक सीमित नहीं, आंखों और फेफड़ों को भी कर सकता है प्रभावित

अगर आपकी आंखों में लगातार जलन रहती है और सांस लेने में परेशानी महसूस हो रही है, तो इसे मामूली समस्या समझकर नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, गठिया यानी आर्थराइटिस के कुछ प्रकार, खासकर रूमेटॉइड आर्थराइटिस, केवल जोड़ों तक सीमित नहीं रहते बल्कि शरीर के अन्य अंगों को भी प्रभावित कर सकते हैं।

डॉक्टरों का कहना है कि रूमेटॉइड आर्थराइटिस एक ऑटोइम्यून बीमारी है, जिसमें शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली खुद अपने स्वस्थ ऊतकों पर हमला करने लगती है। इसका असर आंखों में सूजन, जलन, ड्राईनेस और गंभीर मामलों में दृष्टि संबंधी समस्याओं के रूप में दिख सकता है। वहीं फेफड़ों पर असर पड़ने से सांस फूलना, सीने में जकड़न और सांस लेने में कठिनाई हो सकती है।

हालांकि, आंखों में जलन और सांस लेने की परेशानी के कई अन्य कारण भी हो सकते हैं, जैसे एलर्जी, संक्रमण या अस्थमा। इसलिए बिना जांच किसी निष्कर्ष पर पहुंचना सही नहीं है। यदि ये लक्षण लंबे समय से बने हुए हैं या बढ़ रहे हैं, तो तुरंत डॉक्टर से परामर्श लेना जरूरी है। समय पर पहचान और सही इलाज से गंभीर जटिलताओं से बचा जा सकता है।






