मानस बाजपेई के खातों में वारदात से पहले मिले संदिग्ध लेन-देन, ऑटो चालक और असलहा सप्लायर भी जांच के दायरे में

राजधानी लखनऊ |लखनऊ में ICICI बैंक की रिलेशनशिप मैनेजर पत्नी और अपनी बहन की गोली मारकर हत्या करने के बाद खुदकुशी करने वाले SBI के फील्ड मैनेजर मानस बाजपेई के मामले की जांच में पुलिस को कुछ अहम वित्तीय सुराग मिले हैं। पुलिस अब घटना से पहले हुए बैंकिंग और डिजिटल लेन-देन की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
पुलिस के मुताबिक, मानस बाजपेई के बैंक खातों और UPI ट्रांजेक्शन हिस्ट्री की पड़ताल के दौरान कुछ ऐसे लोगों के साथ अचानक हुए लेन-देन सामने आए हैं, जिनके बारे में पुलिस को पहले से जानकारी नहीं थी। इन ट्रांजेक्शनों को फिलहाल जांच के नजरिए से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पुलिस संबंधित खातों की विस्तृत जानकारी निकलवा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि घटना से पहले रकम किस व्यक्ति को भेजी गई, कितनी रकम का लेन-देन हुआ और इन ट्रांजेक्शनों का घटना से कोई संबंध था या नहीं।
जांच एजेंसियां मानस के वित्तीय रिकॉर्ड, बैंक खातों और डिजिटल भुगतान से जुड़े डेटा का विश्लेषण कर रही हैं। पुलिस का उद्देश्य घटना से पहले की गतिविधियों और संभावित संपर्कों की पूरी जानकारी जुटाना है।

वहीं, वारदात में इस्तेमाल किए गए ऑटो के चालक को भी पुलिस ने अभी जांच से पूरी तरह बाहर नहीं किया है। पुलिस ने उसके संबंध में तस्करा डालकर फिलहाल शहर से बाहर जाने पर रोक लगाई है। ऑटो चालक से घटना से जुड़े तथ्यों और उसकी गतिविधियों को लेकर पूछताछ की जा रही है।
इसके अलावा घटना में इस्तेमाल किए गए असलहे की उपलब्धता और उसके स्रोत की जांच भी जारी है। पुलिस सर्विलांस टीम ने कथित तौर पर तीन से चार संदिग्ध लोगों पर नजर रखी है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हथियार कहां से आया और उसे उपलब्ध कराने में किन लोगों की भूमिका रही।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में सामने आ रहे सभी वित्तीय, डिजिटल और अन्य साक्ष्यों को आपस में जोड़कर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। फिलहाल किसी संदिग्ध की भूमिका को अंतिम रूप से तय नहीं किया गया है और जांच जारी है।
रिपोर्ट: अनुराग सिंह, ब्यूरो लखनऊ






